आइजोल, 13 फरवरी (केएनएन) मिजोरम में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) क्षेत्र को मजबूत करने के लिए मुख्यमंत्री लालदुहोमा ने गुरुवार को आइजोल में आई एंड पीआर सम्मेलन हॉल में सूक्ष्म और लघु उद्यमी उत्कृष्टता परियोजना शुरू की।
टाइम्स ऑन इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, यह पहल मिजोरम सरकार और भारतीय उद्योग परिसंघ, सेंटर फॉर एक्सीलेंस ऑन एम्प्लॉयमेंट एंड लाइवलीहुड (सीआईआई-सीईएल) द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित की जा रही है।
सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मिज़ो समुदाय लंबे समय से अपने कौशल और शिल्प कौशल के लिए पहचाना जाता है और एमएसएमई क्षेत्र में मजबूत क्षमता रखता है। उन्होंने कहा कि कई मिज़ो युवाओं ने पिछले साल इंडियास्किल्स प्रतियोगिता में प्रशंसा हासिल की थी, जो राज्य में उपलब्ध प्रतिभा पूल को दर्शाता है।
लालडुहोमा ने उद्यमियों को आत्मनिर्भर बनने के लिए सशक्त बनाने के महत्व पर जोर दिया और कहा कि सरकार की प्रमुख हैंड-होल्डिंग योजना उनके लिए सार्थक अवसर पैदा करने के लिए डिज़ाइन की गई थी।
उन्होंने देखा कि मिजोरम में कई एमएसएमई मालिकों ने दृढ़ संकल्प और पहल के माध्यम से अपनी आजीविका बनाई है और विश्वास व्यक्त किया कि नई लॉन्च की गई परियोजना उन्हें अपने व्यवसाय को बढ़ाने में मदद करेगी।
सीआईआई की विशेषज्ञता पर प्रकाश डालते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सीआईआई-सीईएल ने अन्य राज्यों में इसी तरह की पहल को सफलतापूर्वक लागू किया है और यह मिजोरम के एमएसएमई पारिस्थितिकी तंत्र में मूल्यवान अनुभव लाएगा।
उन्होंने आगे कहा कि मिजोरम अपने कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) पहल के तहत वोल्वो समूह से समर्थन प्राप्त करने के लिए भाग्यशाली था, जिससे स्थानीय एमएसएमई मालिकों को कार्यक्रम में मुफ्त में भाग लेने का मौका मिला।
मुख्यमंत्री ने राज्य में उद्यमिता को बढ़ावा देने और एमएसएमई परिदृश्य को मजबूत करने में उनकी साझेदारी के लिए सीआईआई-सीईएल और वोल्वो समूह दोनों का आभार व्यक्त किया।
(केएनएन ब्यूरो)