एआई 2030 तक भारत की अर्थव्यवस्था में 500 अरब अमेरिकी डॉलर जोड़ सकता है: आईबीएम-इंडियाएआई अध्ययन
नई दिल्ली, 13 मई (केएनएन) आईबीएम इंस्टीट्यूट फॉर बिजनेस वैल्यू और इंडियाएआई के एक संयुक्त अध्ययन के अनुसार, भारत अपने आर्थिक परिवर्तन में एक महत्वपूर्ण चरण में प्रवेश कर रहा है, जिसमें कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) के प्रयोग से विकास के मुख्य चालक बनने की उम्मीद है।
बुधवार को जारी 'फ्रॉम प्रॉमिस टू पावर: हाउ एआई इज रिडिफाइनिंग इंडियाज इकोनॉमिक फ्यूचर' शीर्षक वाली रिपोर्ट में अनुमान लगाया गया है कि एआई 2030 तक भारत की अर्थव्यवस्था में 500 बिलियन अमेरिकी डॉलर से अधिक का योगदान दे सकता है, जिससे देश अग्रणी एआई-संचालित वैश्विक अर्थव्यवस्थाओं में से एक बन जाएगा।
रिपोर्ट के लॉन्च पर, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (एमईआईटीवाई) के सचिव एस कृष्णन ने कहा, "भारत अब वैश्विक एआई वार्तालाप में भाग नहीं ले रहा है, हम इसे आकार देने में मदद कर रहे हैं। हमारी दृष्टि स्पष्ट है। एआई को हमारे लोग...









