
पटना:नालंदा जिला का चौथा संस्करण अंतरविद्यालयी अंग्रेजी वाद-विवाद प्रतियोगिता 30 नवंबर को सैनिक स्कूल नालंदा द्वारा आयोजित किया गया था। बहस का विषय था ‘कृत्रिम होशियारी किसी व्यक्ति की ईमानदारी और विचारशील नैतिक तर्क करने की क्षमता को कमजोर करता है।’
जिले के छह प्रतिष्ठित सीबीएसई-संबद्ध स्कूलों के बारह छात्रों ने भाग लिया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सैनिक स्कूल नालन्दा के प्राचार्य कर्नल भूपेन्द्र कुमार उपस्थित थे।
जूरी में प्रतिष्ठित शिक्षाविद् शामिल थे, जिनमें नव नालंदा महाविहार विश्वविद्यालय के डीन डॉ. श्रीकांत सिंह; डॉ. श्रीशा उडुपा, स्कूल ऑफ लैंग्वेजेज एंड लिटरेचर में एसोसिएट प्रोफेसर, नालन्दा विश्वविद्यालय और डॉ. स्मिता, स्कूल ऑफ लैंग्वेजेज एंड लिटरेचर, नालंदा विश्वविद्यालय में अध्यापन साथी।
कैडेट प्रणव कुमार और मोहित कुमार सिंह के प्रतिनिधित्व में सैनिक स्कूल नालंदा ने प्रथम स्थान हासिल किया।
जिले के छह प्रतिष्ठित सीबीएसई-संबद्ध स्कूलों के बारह छात्रों ने भाग लिया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सैनिक स्कूल नालन्दा के प्राचार्य कर्नल भूपेन्द्र कुमार उपस्थित थे।
जूरी में प्रतिष्ठित शिक्षाविद् शामिल थे, जिनमें नव नालंदा महाविहार विश्वविद्यालय के डीन डॉ. श्रीकांत सिंह; डॉ. श्रीशा उडुपा, स्कूल ऑफ लैंग्वेजेज एंड लिटरेचर में एसोसिएट प्रोफेसर, नालन्दा विश्वविद्यालय और डॉ. स्मिता, स्कूल ऑफ लैंग्वेजेज एंड लिटरेचर, नालंदा विश्वविद्यालय में अध्यापन साथी।
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