
नई दिल्ली, 21 अक्टूबर (केएनएन) मंत्रियों के समूह (जीओएम) ने वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) दर समायोजन की एक श्रृंखला का प्रस्ताव दिया है, जिससे अतिरिक्त 22,000 करोड़ रुपये का राजस्व उत्पन्न होने की उम्मीद है।
शनिवार को एक बैठक के दौरान तैयार किए गए प्रस्तावों में विभिन्न उत्पाद श्रेणियों में कर दरों में वृद्धि और कटौती दोनों शामिल हैं।
बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में जीओएम ने लक्जरी वस्तुओं पर जीएसटी दर बढ़ाने की सिफारिश की है।
विशेष रूप से, 25,000 रुपये से अधिक कीमत वाली हाई-एंड कलाई घड़ियाँ और 15,000 रुपये से अधिक के प्रीमियम जूते पर कर की दरें 18 प्रतिशत से बढ़कर 28 प्रतिशत हो सकती हैं।
इसके विपरीत, पैनल ने कई रोजमर्रा की वस्तुओं पर कर कटौती का सुझाव दिया है। जीओएम ने 20 लीटर की पैकेज्ड पीने के पानी की बोतलों और 10,000 रुपये से कम कीमत वाली साइकिलों पर जीएसटी दर को क्रमशः 18 प्रतिशत और 12 प्रतिशत से घटाकर 5 प्रतिशत करने का प्रस्ताव दिया है।
व्यायाम नोटबुक्स को कर कटौती से भी लाभ हो सकता है, जिसमें 12 प्रतिशत से 5 प्रतिशत की कमी प्रस्तावित है।
सिफारिशों में वरिष्ठ नागरिकों द्वारा भुगतान किए जाने वाले टर्म लाइफ इंश्योरेंस प्रीमियम और स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम के लिए संभावित कर छूट भी शामिल है, जिसका उद्देश्य बीमाकर्ताओं और पॉलिसीधारकों दोनों पर वित्तीय बोझ को कम करना है।
ये प्रस्ताव वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में हाल के जीएसटी परिषद के फैसलों का पालन करते हैं, जिसमें सितंबर में कैंसर की दवाओं और चयनित स्नैक आइटमों पर दर में कटौती देखी गई थी।
उम्मीद है कि मंत्रिस्तरीय पैनल 31 अक्टूबर तक अपनी व्यापक सिफारिशें जीएसटी परिषद को सौंप देगा।
इन प्रस्तावित दर समायोजनों पर अंतिम निर्णय अगली जीएसटी परिषद की बैठक के दौरान किए जाएंगे, जहां सुझावों की समीक्षा की जाएगी और संभावित रूप से पुष्टि की जाएगी।
(केएनएन ब्यूरो)

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