
सरकारी आंकड़ों से पता चलता है कि 65 वर्ष या उससे अधिक आयु के जापानी लोगों की संख्या अब लगभग 30 प्रतिशत है।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, जापान की बुजुर्ग आबादी 36.25 मिलियन के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है, जिसमें 65 वर्ष या उससे अधिक आयु के बुजुर्ग अब जापानियों की लगभग एक तिहाई आबादी के बराबर हैं।
जापान के आंतरिक मामलों और संचार मंत्रालय ने रविवार को कहा कि अनुमानतः जापान की कुल जनसंख्या में बुजुर्गों की हिस्सेदारी 29.3 प्रतिशत है, जो 100,000 से अधिक जनसंख्या वाले किसी भी अन्य देश या क्षेत्र की तुलना में अधिक है।
मंत्रालय ने बताया कि 65 वर्ष या उससे अधिक आयु के लगभग 20.53 मिलियन लोग महिलाएं हैं, जबकि 15.72 मिलियन पुरुष हैं।
आंकड़ों से यह भी पता चला कि पिछले वर्ष रिकॉर्ड 9.14 मिलियन बुजुर्ग लोग कार्यरत थे, जो सात कर्मचारियों में से एक था।
जापान एक बदतर जनसांख्यिकीय संकट से जूझ रहा है, क्योंकि कामकाजी आयु वर्ग के लोगों की संख्या घटती जा रही है, तथा उन्हें वृद्धों के लिए स्वास्थ्य देखभाल और कल्याण संबंधी बढ़ती लागतों का सामना करना पड़ रहा है।
जापान की जनसंख्या में 1 अक्टूबर तक 595,000 की गिरावट आई, जो लगातार 13वें वर्ष गिरावट का संकेत है।
टोक्यो स्थित राष्ट्रीय जनसंख्या एवं सामाजिक सुरक्षा अनुसंधान संस्थान ने अनुमान लगाया है कि 2040 तक जापान की जनसंख्या में बुजुर्ग लोगों की संख्या 34.8 प्रतिशत होगी।
टोक्यो स्थित थिंक टैंक रिक्रूट वर्क्स इंस्टीट्यूट द्वारा पिछले वर्ष प्रकाशित एक अध्ययन में कहा गया था कि घटती जनसंख्या के कारण जापान को 2040 तक 11 मिलियन से अधिक श्रमिकों की कमी का सामना करना पड़ सकता है।

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