सरकार ने बैंकों को जनसमर्थ पोर्टल के माध्यम से 1 करोड़ रुपये तक के एमएसएमई ऋणों को डिजिटल बनाने का निर्देश दिया


नई दिल्ली, 16 जनवरी (केएनएन) सूत्रों के मुताबिक, सरकार ने सूक्ष्म और लघु उद्यमों (एमएसएमई) को ऋण वितरण में तेजी लाने के लक्ष्य के साथ, राज्य के स्वामित्व वाले बैंकों को 1 करोड़ रुपये तक के ऋण को मंजूरी देने के लिए एक समान डिजिटल प्रक्रिया लागू करने का निर्देश दिया है।

Integration with JanSamarth Portal

पूरी ऋण प्रक्रिया जनसमर्थ पोर्टल के माध्यम से संचालित की जाएगी, जो सरकार समर्थित, क्रेडिट-लिंक्ड योजनाओं के लिए एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है। यह बैंकों को विभिन्न स्रोतों से क्रेडिट स्कोर, आयकर रिटर्न, जीएसटी डेटा और बैंक खाते के विवरण सहित उधारकर्ता की जानकारी तक स्वचालित रूप से पहुंचने में सक्षम बनाता है।

एक वरिष्ठ बैंक अधिकारी ने कहा, “चूंकि पोर्टल व्यापक उधारकर्ता जानकारी प्राप्त कर सकता है, इसलिए ऋण मूल्यांकन और मंजूरी के लिए एक मानकीकृत प्रक्रिया हो सकती है।” इस पहल से आवेदनों को तेजी से ट्रैक करने और ऋण अस्वीकृति दरों को कम करने की उम्मीद है।

एमएसएमई क्रेडिट लैंडस्केप

वित्त वर्ष 2015 में, बैंकों ने 13 मिलियन खातों में एमएसएमई को लगभग 26.43 लाख करोड़ रुपये का ऋण दिया। यह पहल इस क्षेत्र को मजबूत करने, डिजिटल ऋण देने का विस्तार करने और त्वरित, अधिक कुशल ऋण पहुंच के लिए नकदी-प्रवाह-आधारित हामीदारी अपनाने के सरकार के प्रयास के अनुरूप है।

(केएनएन ब्यूरो)



Source link


Discover more from जग वाणी

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *