नोएडा, 24 अगस्त (केएनएन) नोएडा प्राधिकरण ने यातायात की भीड़ को कम करने और हवा की गुणवत्ता में सुधार करने के लिए शहर भर में 15 मॉडल सड़कें विकसित करने की योजना बनाई है, जिसमें परियोजना के लिए विभिन्न कार्य क्षेत्रों में सबसे व्यस्त सड़कों की पहचान की गई है।
सड़क के किनारे अतिक्रमण हटाने और बेतरतीब पार्किंग को विनियमित करने पर ध्यान देने के साथ, यातायात आंदोलन और नागरिक सुविधा में सुधार के लिए सड़कों को फिर से डिजाइन किया जाएगा। इस पहल से सड़क की धूल को कम करने में भी मदद मिलने की उम्मीद है।
विक्रेताओं, ऑटो-रिक्शा के लिए समर्पित स्थान
योजना के तहत, स्ट्रीट वेंडरों के लिए समर्पित स्थान बनाए जाएंगे, जबकि ऑटो-रिक्शा और टेम्पो के लिए अलग क्षेत्र निर्दिष्ट किए जाएंगे।
प्राधिकरण को उम्मीद है कि निर्दिष्ट स्थानों से बेतरतीब पार्किंग और सड़क के किनारे अतिक्रमण कम होगा और यातायात प्रवाह में सुधार होगा।
पैदल यात्री सुविधाओं में सुधार किया जाएगा
मॉडल रोड परियोजना में पैदल यात्रियों के लिए सुविधाएं भी शामिल होंगी। पैदल यात्रियों और अन्य सड़क उपयोगकर्ताओं के लिए सुविधा में सुधार के लिए सड़कों के किनारे ग्रीन बेल्ट के भीतर बैठने की व्यवस्था और मोबाइल चार्जिंग पॉइंट प्रस्तावित हैं।
नोएडा प्राधिकरण के महाप्रबंधक (सिविल) एसपी सिंह ने कहा कि मॉडल सड़कों के दोनों किनारों पर धूल मुक्त क्षेत्र विकसित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि सड़कों का डिजाइन पहले ही तैयार किया जा चुका है।
वायु गुणवत्ता का समर्थन करने के लिए धूल-मुक्त क्षेत्र
प्राधिकरण ने कहा कि अव्यवस्थित पार्किंग, सड़क के किनारे विक्रेता और पार्क किए गए ऑटो-रिक्शा और टेम्पो अक्सर यातायात की आवाजाही में बाधा डालते हैं।
इन गतिविधियों के लिए निर्दिष्ट स्थान उपलब्ध कराने से यातायात प्रबंधन में सुधार और भीड़भाड़ कम होने की उम्मीद है।
धूल-मुक्त क्षेत्रों के विकास का उद्देश्य सड़क किनारे की धूल को सीमित करना और वायु गुणवत्ता में सुधार में योगदान देना भी है।
यह पहल पूरे नोएडा में यातायात प्रबंधन, पैदल यात्रियों की सुविधा और पर्यावरण की स्थिति में सुधार के लिए प्राधिकरण के प्रयासों का हिस्सा है।
(केएनएन ब्यूरो)

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